यूपी 112 के सिपाही के खाते से 57,999.96 रुपये उड़ाए:यूपीआई हैक कर साइबर ठगी को दिया गया अंजाम, 10000 रूपए खाते में हुए फ्रीज

Oct 05, 2026 - 00:03
0
यूपी 112 के सिपाही के खाते से 57,999.96 रुपये उड़ाए:यूपीआई हैक कर साइबर ठगी को दिया गया अंजाम, 10000 रूपए खाते में हुए फ्रीज
मेरठ में साइबर अपराधियों ने यूपी 112 में तैनात पुलिसकर्मी के बैंक खाते को निशाना बनाकर 57,999.96 रुपये की ठगी कर ली। साइबर ठगों ने सिपाही के बैंक खाते से यूपीआई के जरिये रकम निकाल ली। खाते से रकम निकलने का पता चलते ही सिपाही ने तत्काल साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराई। त्वरित शिकायत का फायदा यह हुआ कि खाते में मौजूद 10 हजार रुपये फ्रीज करा दिए गए। मूलरूप से मोहल्ला पटपट नंगला, गोंडा मार्ग, खैर, अलीगढ़ निवासी चंद्रपाल सिंह पुत्र नोब सिंह यूपी पुलिस में सिपाही हैं। वर्तमान में उनकी तैनाती यूपी 112 में है। चंद्रपाल सिंह ने कोतवाली थाने में दी तहरीर में बताया कि उनका वेतन खाता बैंक ऑफ बड़ौदा में है। 26 सितंबर को साइबर अपराधियों ने उनके खाते से 57,999.96 रुपये निकाल लिए। रकम निकलते ही 1930 पर की शिकायत चंद्रपाल को खाते से रकम निकाले जाने की जानकारी हुई तो उन्होंने बिना देर किए राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल की हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के बाद साइबर पुलिस ने लेनदेन की जांच शुरू की। शुरुआती जांच में सामने आया कि यूपीआई के माध्यम से खाते से रकम निकाली गई थी। पुलिस के द्वारा कराए गए 10000 रूपए फ्रीज पुलिस की त्वरित कार्रवाई के चलते खाते में मौजूद करीब 10 हजार रुपये फ्रीज करा दिए गए। थाना प्रभारी निरीक्षक पंकज कुमार सिंह ने बताया कि सिपाही की तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जा रही है। ऐसे बचें यूपीआई साइबर ठगी से - यूपीआई पिन कभी किसी को न बताएं। बैंक कर्मचारी या पुलिस अधिकारी भी फोन पर यूपीआई पिन नहीं मांगते। - अनजान व्यक्ति के कहने पर कोई यूपीआई रिक्वेस्ट स्वीकार न करें। पैसा पाने के लिए यूपीआई पिन डालने की जरूरत नहीं होती। - स्क्रीन शेयरिंग या रिमोट एक्सेस एप डाउनलोड न करें। ठग इसके जरिए मोबाइल और बैंकिंग एप की गतिविधियां देख सकते हैं। - अनजान लिंक पर क्लिक न करें। बैंक, केवाईसी, बिजली बिल, इनाम या नौकरी के नाम पर भेजे गए लिंक से विशेष सावधानी बरतें। - बैंकिंग अलर्ट चालू रखें। खाते से छोटी रकम निकलने पर भी तुरंत जानकारी मिल सकेगी। - यूपीआई की लिमिट और बैंक खाते की सुरक्षा सेटिंग जांचते रहें। - ठगी होते ही 1930 पर कॉल करें। साथ ही साइबर अपराध की शिकायत राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर दर्ज कराएं।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Wow Wow 0
Sad Sad 0
Angry Angry 0

Comments (0)

User