मेरठ के ट्रांसपोर्ट नगर में व्यापारियों ने लगाए काले झंडे:16,726 भवनों की सूची को लेकर संयुक्त व्यापार संघ के आहवान पर किया मेडा का विरोध
मेरठ विकास प्राधिकरण (MDA) की कार्रवाई के विरोध में व्यापारियों ने शुक्रवार को ट्रांसपोर्ट नगर में वयापारियों ने काले झंडे लगाकर विरोध दर्ज किया। व्यापार संघ अध्यक्ष नवीन गुप्ता ने अपनी टीम के साथ पेट्रोल पंप समेत अन्य स्थानों पर काले झंडे लगाए। व्यापारियों का कहना है कि वे अपनी ही सरकार से प्रभावित भवनों, प्रतिष्ठानों और व्यापारियों की समस्याओं का समाधान कराने की मांग कर रहे हैं। व्यापार संघ अध्यक्ष नवीन गुप्ता ने कहा कि हमारा यह आंदोलन किसी सरकार के विरोध में नहीं है और न ही हम माननीय न्यायालय के आदेशों का विरोध कर रहे हैं। हम न्यायालय का पूरा सम्मान करते हैं। हमारा उद्देश्य केवल मेरठ के व्यापारियों की वास्तविक समस्याओं, उनकी आजीविका और भविष्य से जुड़ी चिंताओं को भारत सरकार तक पहुंचाना है। काले झंडे लगाकर किया जा रहा यह विरोध पूरी तरह प्रतीकात्मक एवं शांतिपूर्ण है। हम चाहते हैं कि केंद्र सरकार इस गंभीर विषय पर व्यापारियों की पीड़ा को समझे और उनके प्रतिनिधियों के साथ संवाद कर ऐसा समाधान निकाले, जिससे न्यायालय के आदेशों का सम्मान भी बना रहे और हजारों परिवारों की आजीविका पर भी गंभीर संकट न आए। व्यापार संघ के उपाध्यक्ष तरूण गुप्ता ने कहा कि पहले आवास विकास द्वारा शहर के एक बड़े बाजार को उजाड़कर हजारों परिवारों के रोजगार को छीन लिया गया है और अब मेडा द्वारा दी गई यह सूची भी व्यापारियों की मुश्किलें बढ़ाने का काम कर रही है इसलिए हम इसका विरोध कर रहे हैं। हम चाहते हैं कि व्यापारियों की बात को गंभीरता से सुना जाए और प्रभावित लोगों के लिए वैकल्पिक व्यापारिक व्यवस्था, आजीविका की सुरक्षा एवं पुनर्वास जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर ठोस पहल की जाए। ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन अध्यक्ष पंकज ने कहा कि व्यापार संघ के आह्वान पर ट्रांसपोर्ट नगर के व्यापारियों ने समर्थन में काले झंडे लगाए हैं। उन्होंने कहा कि व्यापारी प्रभावित लोगों के साथ खड़े हैं और समस्या के समाधान की मांग कर रहे हैं। मेरठ का व्यापार शहर की अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण आधार है। हमारी मांग है कि प्रभावित व्यापारियों और उनसे जुड़े सभी वर्गों की वास्तविक स्थिति का आकलन किया जाए तथा भारत सरकार इस विषय में सकारात्मक पहल करते हुए व्यापारियों के प्रतिनिधियों से बातचीत करे।
MDA की ओर से सुप्रीम कोर्ट के समक्ष 16,726 कथित अनधिकृत भवनों, कॉलोनियों और निर्माणों से संबंधित सूची प्रस्तुत किए जाने की कार्रवाई के विरोध में यह प्रदर्शन चल रहे हैं। बीते दिन जहां सर्राफा बाजार, कागजी बाजार, वैली बाजार समेत कुछ क्षेत्रों में झंडे लगे थे तो अब यह विरोध ट्रांसपोर्ट नगर में भी देखने को मिल रहा है जो आने वाले दिनों में शहर के अन्य बाजारों में भी दिखने की उम्मीद है।
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