प्रयागराज में महानवमी पर निकला रामदल:चांदी के हौदे में विराजे राम-लक्ष्मण, मुट्ठीगंज का दशहरा मेला रोशनी से जगमगाया
प्रयागराज में महानवमी की रात रामदल और दशहरा मेले की धूम रही। बैंड-बाजों की गूंज, जय श्रीराम के जयकारों और आकर्षक झांकियों के बीच खुल्दाबाद के पत्थर का शिवाला से श्री महंत बाबा हाथी राम पजावा रामलीला कमेटी का भव्य रामदल निकाला गया। वहीं, मुट्ठीगंज का ऐतिहासिक तीन दिवसीय दशहरा मेला रंग-बिरंगी रोशनी और सजावट से जगमगा उठा। रामदल के दर्शन के लिए सड़कों पर बड़ी संख्या में लोग जुटे। रात करीब आठ बजे मेयर गणेश केशरवानी ने प्रभु श्रीराम और लक्ष्मण के स्वरूपों की आरती उतारी। इसके बाद रामदल आगे बढ़ा। कृत्रिम हाथी पर चांदी के भव्य हौदे में राम-लक्ष्मण के स्वरूप विराजमान थे। उनके दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। चांदी के हौदे में निकले राम-लक्ष्मण, दर्शन को उमड़ी भीड़ पजावा रामलीला कमेटी का रामदल पत्थर का शिवाला से निकला। शोभायात्रा में कृत्रिम हाथी पर सजे चांदी के भव्य हौदे में प्रभु श्रीराम और लक्ष्मण के स्वरूप विराजमान थे। जैसे-जैसे रामदल आगे बढ़ा, दर्शन के लिए लोगों की भीड़ जुटती गई। भगवान गणेश, हनुमान जी और भगवान शिव की सवारियों के साथ रामायण के प्रसंगों को दर्शाती झांकियां भी आकर्षण का केंद्र रहीं। रामदल की अगुवाई कमेटी अध्यक्ष सुरेश चंद टंडन, कोषाध्यक्ष अमिताभ टंडन, वित्त मंत्री सचिन कुमार गुप्ता और लीला संयोजक राजेश मल्होत्रा ने की। राजगद्दी कार्यक्रम की व्यवस्था मोहन जी टंडन, राम जी केसरवानी, राजीव कृष्ण श्रीवास्तव, सागर पांडेय और उज्ज्वल पांडेय ने संभाली। मुट्ठीगंज का दशहरा मेला रोशनी से जगमगाया उधर, मुट्ठीगंज में तीन दिवसीय दशहरा मेले की रौनक भी देखते ही बनी। सड़कों को रंग-बिरंगी लाइटों और आकर्षक तोरणद्वारों से सजाया गया था। पजावा का रामदल जब मेले से होकर गुजरा, तो अलग-अलग रोशनी कमेटियों ने पुष्पवर्षा कर उसका स्वागत किया। इस दौरान आकर्षक झांकियों को पुरस्कार भी दिए गए। रोशनी कमेटी के संयोजक राजेश केसरवानी ने बताया कि मुट्ठीगंज को सजाने में बाल संघ, रामभवन, न्यू बाल संघ, सहयोग व्यापार मंडल और गोलघर व्यापार मंडल समेत कई कमेटियों ने योगदान दिया। मेले में दूर-दराज से पहुंचे लोगों ने देर रात तक रोशनी, सजावट और रामदल का आनंद लिया।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)