संडे प्रोफाइल : लुइज लूला दा सिल्वा:ट्रम्प को चेताने वाले लूला ब्राजील में चौथी बार मैदान में

Oct 04, 2026 - 16:20
0
संडे प्रोफाइल : लुइज लूला दा सिल्वा:ट्रम्प को चेताने वाले लूला ब्राजील में चौथी बार मैदान में
ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा इन दिनों राष्ट्रपति चुनाव को लेकर चर्चा में हैं। उधर, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प भी इस चुनाव में दिलचस्पी दिखा रहे है। हालांकि लूला ने अमेरिका को चुनाव से दूर रहने को कहा है। 80 वर्षीय लूला दा सिल्वा चौथी बार राष्ट्रपति बनने के लिए चुनाव लड़ रहे हैं। उनके मुख्य प्रतिद्वंद्वी सीनेटर फ्लावियो बोल्सोनारो हैं, जो पूर्व राष्ट्रपति जायर बोल्सोनारो के बेटे हैं। ट्रम्प ने फ्लावियो का औपचारिक समर्थन नहीं किया है, लेकिन बोल्सोनारो परिवार से उनकी नजदीकी रही है। मई में फ्लावियो ने व्हाइट हाउस में ट्रम्प से मुलाकात भी की थी। इसी बीच अमेरिका के डेमोक्रेट सांसदों ने ट्रम्प प्रशासन पर ब्राजील के चुनाव को प्रभावित करने के लिए आर्थिक और राजनीतिक दबाव डालने के आरोप लगाए हैं। लूला ने इसे ब्राजील की संप्रभुता का मुद्दा बनाया है। उन्होंने कहा कि ब्राजील का चुनाव ब्राजील के लोगों का मामला है और अमेरिका को इसमें हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए। 27 अक्टूबर 1945 को पर्नाम्बुको में जन्मे लूला ने 12 साल की उम्र में जूते पॉलिश किए, ऑफिस बॉय रहे और तकनीकी प्रशिक्षण के बाद मेटल वर्कर बने। फैक्ट्री में काम करते हुए मजदूर आंदोलन से जुड़े और 1975 में मेटल वर्कर्स यूनियन के अध्यक्ष बने। सैन्य शासन के दौरान बड़ी हड़तालों का नेतृत्व किया। 1980 में गिरफ्तार हुए और 31 दिन जेल में रहे। इसी साल दूसरे नेताओं के साथ वर्कर्स पार्टी बनाई। 1986 में लूला सांसद बने। 1989 में पहली बार राष्ट्रपति चुनाव लड़ा, लेकिन हार गए। 1994 और 1998 में भी हार मिली। 2002 में चौथे प्रयास में राष्ट्रपति बने और 2006 में दोबारा चुने गए। उनके पहले दो कार्यकाल के दौरान ब्राजील में गरीबी और आय-असमानता में कमी आई। बोल्सा फैमिलिया जैसे नकद सहायता कार्यक्रम का विस्तार हुआ, रोजगार और वास्तविक न्यूनतम वेतन बढ़ा। विश्व बैंक के अनुसार इस दौर के बदलावों में इन नीतियों के साथ आर्थिक वृद्धि और अनुकूल वैश्विक परिस्थितियों की भी भूमिका रही। इसके बाद लूला का राजनीतिक सफर पलटा। भ्रष्टाचार के मामलों में दोषी ठहराए जाने के बाद 2018 में जेल गए। 2019 में रिहा हुए। 2021 में सुप्रीम कोर्ट ने संबंधित अदालत के पास इन मामलों की सुनवाई का अधिकार नहीं होने के आधार पर उनकी दोषसिद्धियां रद्द कर दीं। इससे उनके चुनाव लड़ने का रास्ता खुला और 2022 में तीसरी बार राष्ट्रपति बने। अब 80 साल के लूला चौथा कार्यकाल चाहते हैं। उनके सामने उसी बोल्सोनारो परिवार की अगली पीढ़ी है, जिसके जायर बोल्सोनारो को उन्होंने हराया था। अर्थव्यवस्था, महंगाई और अपराध जैसे घरेलू मुद्दों के बीच अमेरिकी दबाव और संप्रभुता भी इस चुनावी बहस का हिस्सा बन चुके हैं। इसलिए यह चुनाव केवल चौथी जीत नहीं, बल्कि यह भी तय करेगा कि चार दशक से ब्राजील की राजनीति के केंद्र में रहे लूला का राजनीतिक प्रभाव आगे कितना कायम रहता है।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Wow Wow 0
Sad Sad 0
Angry Angry 0

Comments (0)

User