डेटा सुरक्षा पर कनाडा का बड़ा दांव
कनाडा सरकार ने नया प्राइवेसी बिल C-36 पेश किया है। प्रस्तावित कानून के तहत नागरिक कंपनियों से अपना व्यक्तिगत डेटा हटाने की मांग कर सकेंगे। बच्चों के डेटा को अतिरिक्त सुरक्षा देने और एआई के उपयोग में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए भी सख्त प्रावधान किए गए हैं।
दि राइजिंग न्यूज़ | ओटावा | 17 जून 2026
डेटा सुरक्षा को लेकर नया कानून
कनाडा सरकार ने डिजिटल युग में नागरिकों की गोपनीयता को मजबूत करने के उद्देश्य से नया प्राइवेसी बिल C-36 पेश किया है। यह प्रस्तावित कानून देश के पुराने डेटा सुरक्षा ढांचे को आधुनिक बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। सरकार का कहना है कि सोशल मीडिया, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डिजिटल सेवाओं के बढ़ते उपयोग को देखते हुए नए नियमों की आवश्यकता महसूस की जा रही थी।
कंपनियों से डेटा हटाने का अधिकार
बिल के तहत नागरिकों को यह अधिकार दिया जाएगा कि वे किसी भी कंपनी से अपना व्यक्तिगत डेटा हटाने की मांग कर सकें। यदि कोई व्यक्ति किसी डिजिटल सेवा का उपयोग बंद कर देता है या अपनी जानकारी हटाना चाहता है, तो संबंधित कंपनी को निर्धारित नियमों के अनुसार कार्रवाई करनी होगी। हालांकि कुछ विशेष परिस्थितियों में कंपनियों को डेटा सुरक्षित रखने की अनुमति भी दी जा सकती है।
बच्चों के डेटा को मिलेगी अतिरिक्त सुरक्षा
प्रस्तावित कानून में बच्चों की ऑनलाइन सुरक्षा पर विशेष जोर दिया गया है। 16 वर्ष से कम आयु के बच्चों से जुड़े डेटा के उपयोग और संग्रहण पर अतिरिक्त निगरानी रखी जाएगी। सोशल मीडिया कंपनियों को भी बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए नए दिशा-निर्देशों का पालन करना होगा।
एआई के उपयोग में बढ़ेगी पारदर्शिता
कंपनियों को यह स्पष्ट रूप से बताना होगा कि वे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का उपयोग किस प्रकार कर रही हैं। यदि किसी व्यक्ति के लोन, क्रेडिट स्कोर या अन्य महत्वपूर्ण निर्णयों में एआई आधारित सिस्टम का इस्तेमाल किया जाता है, तो उसके बारे में जानकारी उपलब्ध करानी होगी। इससे निर्णय प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा।
डिजिटल सेफ्टी कमीशन करेगा निगरानी
सरकार एक नए डिजिटल सेफ्टी कमीशन की स्थापना की योजना बना रही है। यह निकाय निजी क्षेत्र की कंपनियों पर निगरानी रखेगा और यह सुनिश्चित करेगा कि वे नए नियमों का पालन कर रही हैं या नहीं। इसके साथ ही एक विशेष प्राइवेसी और कंज्यूमर डेटा कमिश्नर की नियुक्ति का भी प्रस्ताव है।
नियम तोड़ने पर भारी जुर्माना
बिल में नियमों का उल्लंघन करने वाली कंपनियों के लिए कड़े दंड का प्रावधान किया गया है। गंभीर मामलों में कंपनियों पर 25 मिलियन डॉलर तक या उनकी कुल आय के 5 प्रतिशत तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। सामान्य उल्लंघनों पर भी 10 मिलियन डॉलर या 3 प्रतिशत तक का आर्थिक दंड लगाया जा सकेगा।
विदेशी कंपनियां भी दायरे में
नए नियम केवल कनाडाई कंपनियों तक सीमित नहीं रहेंगे। कनाडा में कारोबार करने वाली विदेशी कंपनियों को भी इन प्रावधानों का पालन करना होगा। इससे वैश्विक तकनीकी कंपनियों की जवाबदेही बढ़ने की संभावना है।
26 साल पुराने कानून की जगह नया ढांचा
कनाडा का मौजूदा प्राइवेसी कानून लगभग 26 वर्ष पुराना है। उस समय सोशल मीडिया और एआई तकनीक का प्रभाव वर्तमान की तुलना में बेहद सीमित था। सरकार का मानना है कि डिजिटल दुनिया की नई चुनौतियों से निपटने के लिए कानूनों को समयानुकूल बनाना आवश्यक है। यदि बिल संसद से पारित हो जाता है, तो इसके पूर्ण क्रियान्वयन में लगभग 18 महीने का समय लग सकता है।