मेरठ में पुलिस भर्ती दौड़, 13 अभ्यर्थियों की तबीयत बिगड़ी:3 के पैर में फ्रैक्चर, एक ICU में भर्ती; पांचवें दिन पूरी हुई प्रक्रिया
मेरठ में शुक्रवार सुबह 4 बजे से रुड़की रोड स्थित छठी वाहिनी पीएसी में यूपी पुलिस कांस्टेबल भर्ती की दौड़ शुरू हुई। पांचवें और आखिरी दिन दोपहर करीब 12 बजे तक चली प्रक्रिया के दौरान 13 अभ्यर्थियों की तबीयत बिगड़ गई। इनमें 3 के पैर में फ्रैक्चर हुआ, जबकि 1 अभ्यर्थी को गंभीर हालत में ICU में भर्ती कराया गया। अभ्यर्थियों की हालत बिगड़ने पर उन्हें एंबुलेंस से अस्पताल पहुंचाया गया। लगातार एंबुलेंस को भर्ती केंद्र से निकलते देख बाहर इंतजार कर रहे परिजन परेशान हो गए। प्रभावित अभ्यर्थियों में कुछ ने अस्पताल जाने से मना भी कर दिया। इतनी बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों की तबीयत बिगड़ने की वजह फिलहाल स्पष्ट नहीं हो सकी है। भर्ती के आखिरी दिन शुक्रवार को दौड़ के लिए 903 अभ्यर्थी पंजीकृत थे। इनमें 36 अनुपस्थित रहे, जबकि 867 ने दौड़ में हिस्सा लिया। इनमें से 744 अभ्यर्थी क्वालीफाई हुए और 123 निर्धारित मानक पूरा नहीं कर सके। 25 मिनट में 4.8 किलोमीटर दौड़ने की चुनौती कॉन्स्टेबल भर्ती की शारीरिक दक्षता परीक्षा में पुरुष अभ्यर्थियों को 25 मिनट में 4.8 किलोमीटर की दौड़ पूरी करनी होती है। महिला अभ्यर्थियों के लिए 14 मिनट में 2.4 किलोमीटर की दूरी तय करने का मानक है। निर्धारित समय में दौड़ पूरी करने के दबाव के बीच अभ्यर्थियों को अपनी गति बनाए रखनी होती है। एंबुलेंस पहुंचीं तो परिजन हुए परेशान भर्ती केंद्र के बाहर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। प्रवेश से पहले अभ्यर्थियों की चेकिंग और बायोमेट्रिक सत्यापन किया जा रहा था। इसी दौरान मैदान में दौड़ रहे अभ्यर्थियों की हालत बिगड़ने पर उन्हें चिकित्सा सहायता दी गई और एंबुलेंस से अस्पताल भेजा गया। अचानक कई एंबुलेंस को निकलते देख बाहर खड़े परिजन अपने बच्चों की स्थिति जानने के लिए चिंतित हो गए। स्टेरॉयड के इस्तेमाल की पुष्टि नहीं दौड़ में प्रदर्शन बेहतर करने के लिए कुछ अभ्यर्थियों द्वारा स्टेरॉयड के इस्तेमाल की आशंका जताई गई है। हालांकि, शुक्रवार को प्रभावित हुए 13 अभ्यर्थियों में से किसी ने स्टेरॉयड लिया था या नहीं, इसकी पुष्टि नहीं हुई है। उनकी तबीयत बिगड़ने को स्टेरॉयड से जोड़ने वाली कोई चिकित्सकीय रिपोर्ट भी सामने नहीं आई है। अभ्यर्थियों के नाम अस्पताल भेजे गए अस्पताल पहुंचाए गए अभ्यर्थियों में ध्रुव तोमर, आफताब अली और वंश निवासी बागपत; विशु राठी निवासी मुरादनगर, गाजियाबाद; सूरज कुमार निवासी शामली; विशाल सेन निवासी सहारनपुर; राहुल कुमार और सोहेल निवासी नोएडा; राजकुमार निवासी बलेनी, मेरठ; अरुण निवासी बुढ़ाना; तुषार निवासी गाजियाबाद और राहुल निवासी नोएडा के नाम बताए गए हैं। तबीयत बिगड़ने की वजह स्पष्ट नहीं भर्ती में शारीरिक दक्षता का परीक्षण जरूरी है, लेकिन इसके साथ अभ्यर्थियों की स्वास्थ्य सुरक्षा भी अहम है। एक ही दिन में कई अभ्यर्थियों की हालत बिगड़ने और तीन के पैर में फ्रैक्चर होने के बाद घटना के कारणों का पता लगाना जरूरी है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि अभ्यर्थियों की तबीयत बिगड़ने के पीछे क्या वजह रही।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)