मऊ में 4 जनवरी को आएगी अंतिम मतदाता सूची:1200 से ज्यादा वोटरों वाले बूथों का होगा बंटवारा, 2 नवंबर तक प्रक्रिया पूरी होगी
मऊ में जिलाधिकारी आनंद वर्द्धन ने राजनीतिक दलों के साथ बैठक में मतदाता सूची संशोधन कार्यक्रम पर चर्चा की। अंतिम सूची 4 जनवरी 2027 को प्रकाशित होगी। उन्होंने बताया कि 1 जनवरी 2027 की योग्यता तारीख के आधार पर सूची का संशोधन होगा। 1200 से ज्यादा वोटरों वाले बूथों का बंटवारा 2 नवंबर 2026 तक पूरा किया जाएगा। राजनीतिक दलों से 19 से 25 अक्टूबर 2026 तक बूथों के बंटवारे पर सुझाव और आपत्तियां मांगी गई हैं। इनका निपटारा कर प्रस्ताव भेजा जाएगा। डुप्लीकेट नामों की होगी जांच जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि जिन मतदाताओं की मृत्यु हो चुकी है, जिनके नाम दो बार दर्ज हैं या जो अन्य कारणों से मतदाता सूची में नाम बनाए रखने के पात्र नहीं हैं, उनके संबंध में निर्धारित प्रक्रिया के तहत फॉर्म-7 उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने सभी निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों (ईआरओ) को मतदाता सूची में दर्ज डुप्लीकेट प्रविष्टियों की गहन जांच करने और आवश्यक सुधार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पुनरीक्षण कार्यक्रम को सफल बनाने में राजनीतिक दलों की महत्वपूर्ण भूमिका है। सभी प्रतिनिधि निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुरूप सहयोग करें और पात्र नागरिकों को मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने के लिए जागरूक करें। बैठक में जिले के सभी उपजिलाधिकारी और मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अनुसार, 12 नवंबर 2026 को ड्राफ्ट वोटर लिस्ट आएगी। 12 नवंबर से 11 दिसंबर 2026 तक नाम जोड़ने, हटाने से संबंधित दावे और आपत्तियां ली जाएंगी। इनका निपटारा 28 दिसंबर 2026 तक होगा। जिलाधिकारी ने राजनीतिक दलों से बूथ लेवल एजेंट (बीएलए) के जरिए पात्र वोटरों के नाम सूची में जुड़वाने की अपील की। 12 नवंबर से 11 दिसंबर के बीच फॉर्म-6 भरवाकर जागरूकता बढ़ाने को कहा। डुप्लीकेट नामों की होगी जांच जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि जिन मतदाताओं की मृत्यु हो चुकी है, जिनके नाम दो बार दर्ज हैं या जो अन्य कारणों से मतदाता सूची में नाम बनाए रखने के पात्र नहीं हैं, उनके संबंध में निर्धारित प्रक्रिया के तहत फॉर्म-7 उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने सभी निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों (ईआरओ) को मतदाता सूची में दर्ज डुप्लीकेट प्रविष्टियों की गहन जांच करने और आवश्यक सुधार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पुनरीक्षण कार्यक्रम को सफल बनाने में राजनीतिक दलों की महत्वपूर्ण भूमिका है। सभी प्रतिनिधि निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुरूप सहयोग करें और पात्र नागरिकों को मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने के लिए जागरूक करें। बैठक में जिले के सभी उपजिलाधिकारी और मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)