मुरादाबाद में रामगंगा और कोसी नदी उफान पर:मुंढापांडे के 6 से ज्यादा गांवों में घुसा बाढ़ का पानी
मुरादाबाद में लगातार हुई बारिश ने ग्रामीण इलाकों में एक बार फिर बाढ़ के हालात पैदा कर दिए हैं। कोसी और रामगंगा नदी उफान पर होने के कारण मुंढापांडे ब्लॉक के रनियाढेर, हिरनखेड़ा और गदाईखेड़ा सहित आधा दर्जन से ज्यादा गांवों में बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं। कई गांवों के संपर्क मार्ग पूरी तरह जलमग्न हो चुके हैं और पानी लोगों के घरों के अंदर तक घुस गया है, जिससे ग्रामीणों की रोजमर्रा की जिंदगी पूरी तरह पटरी से उतर गई है। किसानों की फसलें डूबीं, मुआवजे की मांग
बाढ़ का पानी रिहायशी इलाकों के साथ-साथ बड़े पैमाने पर कृषि भूमि में भी फैल चुका है। खेतों में खड़ी धान व अन्य फसलें पानी में पूरी तरह डूब गई हैं। ग्रामीण रविंदर प्रताप सिंह चौहान ने बताया कि करीब एक सप्ताह पहले भी नदियों का जलस्तर बढ़ा था, और अब पिछले तीन दिनों से जारी मूसलाधार बारिश ने परेशानी को दोगुना कर दिया है। अपनी महीनों की मेहनत को आंखों के सामने डूबता देख किसानों ने प्रशासन से तत्काल फसल नुकसान का सर्वे कराकर उचित आर्थिक मुआवजा देने की गुहार लगाई है। मकान क्षतिग्रस्त, स्थायी समाधान के लिए तटबंध की मांग
लगातार हो रहे जलभराव और सीलन के कारण कई कच्चे व पक्के मकान क्षतिग्रस्त हो गए हैं, जिससे ग्रामीणों को हर समय घर गिरने का डर सता रहा है। ठाकुर राजीव चौहान सहित अन्य ग्रामीणों का कहना है कि हर साल बाढ़ की इस विभीषिका से जूझने के बजाय प्रशासन को इसका कोई स्थायी समाधान निकालना चाहिए। उन्होंने मांग की है कि हिरनखेड़ा और गदाईखेड़ा के आसपास मजबूत तटबंध, बांध या नहर की व्यवस्था की जाए। इसके साथ ही, ग्रामीणों ने प्रभावित इलाकों में जलजनित बीमारियों के खतरे को देखते हुए तत्काल स्वास्थ्य विभाग की टीम भेजने और पीड़ितों को राहत सामग्री उपलब्ध कराने की मांग की है।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)