प्रयागराज में बिना शुल्क ईंट भट्ठा चलाने पर होगी कार्रवाई:प्रशासन ने संचालकों को 30 नवंबर तक फीस जमा करने को कहा, वरना लगेगा ब्याज
प्रयागराज जिले में ईंट भट्ठा सत्र 2026-27 शुरू हो गया है। इसके साथ ही ईंट भट्ठों के संचालन के लिए विनियमन शुल्क जमा करना अनिवार्य कर दिया गया है। बिना शुल्क जमा किए ईंट भट्ठा चलाने वालों के खिलाफ प्रशासन सख्त कार्रवाई करेगा। अपर जिलाधिकारी प्रशासन उपमा पाण्डेय ने जिले के सभी ईंट भट्ठा संचालकों को इस संबंध में निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया है कि ईंट भट्ठा संचालक विनियमन शुल्क जमा किए बिना भट्ठों का संचालन न करें। प्रशासन की ओर से जांच के दौरान यदि कोई ईंट भट्ठा बिना शुल्क जमा किए चलता पाया गया तो संबंधित संचालक के खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी। शासन के निर्देश के मुताबिक, ईंट भट्ठा सत्र एक अक्टूबर 2026 से शुरू होकर 30 सितंबर 2027 तक चलेगा। इस दौरान भट्ठों के संचालन के लिए निर्धारित विनियमन शुल्क और पलोथन की धनराशि जमा करनी होगी। इसके लिए शासन ने ऑनलाइन व्यवस्था की है। ईंट भट्ठा संचालक भूतत्व एवं खनिकर्म विभाग के पोर्टल upmines.upsdc.gov.in पर जाकर निर्धारित प्रक्रिया के तहत शुल्क जमा कर सकते हैं। शुल्क जमा करने के लिए पोर्टल पर भूतत्व एवं खनिकर्म विभाग के लेखाशीर्षक 0853 (अलौह खनन तथा धातुकर्म उद्योग) के तहत 107 (लघु खनिज रियायत शुल्क) मद का इस्तेमाल करना होगा। ऑनलाइन भुगतान पूरा होने के बाद संचालक पोर्टल से विनियमन शुल्क जमा करने का प्रमाण पत्र भी प्राप्त कर सकेंगे। 30 नवंबर तक शुल्क जमा करने पर नहीं लगेगा ब्याज शासनादेश के अनुसार, 30 नवंबर 2026 तक विनियमन शुल्क जमा करने पर किसी तरह का ब्याज नहीं देना होगा। इसके बाद शुल्क जमा करने पर नियमानुसार ब्याज भी देना पड़ेगा। प्रशासन ने सभी ईंट भट्ठा संचालकों से समय सीमा के भीतर शुल्क जमा करने और नियमों का पालन करने की अपील की है।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)