बकरीद पर यूपी में हाई अलर्ट, सड़कों पर नमाज और खुले में कुर्बानी पर सख्ती...

बकरीद को लेकर उत्तर प्रदेश में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। संभल से चंदौली तक कई जिलों में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। सड़कों पर नमाज और सार्वजनिक स्थानों पर खुले में कुर्बानी पर प्रशासन ने सख्त रोक लगा दी है।

बकरीद पर यूपी में हाई अलर्ट, सड़कों पर नमाज और खुले में कुर्बानी पर सख्ती...

दि राइजिंग न्यूज़ | लखनऊ | 28 मई 2026

उत्तर प्रदेश में बकरीद को लेकर पुलिस और प्रशासन पूरी तरह सतर्क दिखाई दे रहा है। संभल, मुजफ्फरनगर, चंदौली, मेरठ, सहारनपुर, अयोध्या, वाराणसी और आजमगढ़ समेत कई जिलों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। शासन की स्पष्ट गाइडलाइन के अनुसार सड़कों पर नमाज और सार्वजनिक स्थानों पर खुले में कुर्बानी की अनुमति नहीं दी जाएगी। संवेदनशील इलाकों में भारी पुलिस बल, आरआरएफ और पीएसी की तैनाती की गई है।

संभल से चंदौली तक सुरक्षा का बड़ा घेरा

प्रदेश के कई जिलों में बकरीद को शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए विशेष सुरक्षा योजना लागू की गई है। संभल जिले को कई जोन और सेक्टर में बांटकर निगरानी बढ़ा दी गई है। पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीम लगातार संवेदनशील इलाकों में गश्त कर रही है। मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों में अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है ताकि किसी तरह का तनाव पैदा न हो।

सड़कों पर नमाज और खुले में कुर्बानी पर रोक

प्रशासन ने साफ कर दिया है कि नमाज केवल तय ईदगाहों और मस्जिदों में ही अदा की जाएगी। सड़कों, चौराहों और सार्वजनिक स्थानों पर नमाज की अनुमति नहीं होगी। इसके साथ ही खुले में प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी पर भी सख्त रोक लगाई गई है। अधिकारियों का कहना है कि नियम तोड़ने वालों के खिलाफ तत्काल कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

ड्रोन और निगरानी उपकरणों से रखी जा रही नजर

पुलिस प्रशासन ने कई जिलों में निगरानी के लिए ड्रोन कैमरों और सीसीटीवी उपकरणों का सहारा लिया है। संवेदनशील इलाकों की हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। सोशल मीडिया निगरानी दल भी सक्रिय कर दिए गए हैं ताकि अफवाह फैलाने वाले या माहौल बिगाड़ने वाले लोगों पर तुरंत कार्रवाई की जा सके। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

मेरठ और सहारनपुर में पुलिस का फ्लैग मार्च

मेरठ और सहारनपुर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने भारी बल के साथ पैदल मार्च किया। बाजारों, धार्मिक स्थलों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में पुलिस की लगातार गश्त जारी है। अधिकारियों ने व्यापारियों और स्थानीय लोगों से बातचीत कर शांति बनाए रखने की अपील की है। संदिग्ध वाहनों और लोगों की जांच भी तेज कर दी गई है।

मुजफ्फरनगर और अयोध्या में विशेष सतर्कता

मुजफ्फरनगर के संवेदनशील इलाकों में बड़ी संख्या में पुलिस जवान तैनात किए गए हैं। मस्जिदों और ईदगाहों के आसपास निगरानी बढ़ा दी गई है ताकि सड़कों पर नमाज न हो सके। वहीं अयोध्या में भी प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि नमाज केवल निर्धारित स्थानों पर तय समय के अनुसार ही होगी।

वाराणसी और लखनऊ में भी कड़ी निगरानी

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर वाराणसी में संवेदनशील इलाकों में पुलिस और आरआरएफ जवानों ने फ्लैग मार्च किया। ड्रोन कैमरों के जरिए निगरानी की जा रही है। राजधानी लखनऊ में भी पुलिस अलर्ट पर है और ईदगाहों के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी गई है। धार्मिक नेताओं ने लोगों से शांति और सौहार्द बनाए रखने की अपील की है।

प्रशासन ने शांति बनाए रखने की अपील की

प्रशासन और पुलिस अधिकारियों ने लोगों से त्योहार शांतिपूर्ण तरीके से मनाने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें। प्रदेश सरकार ने साफ संकेत दिए हैं कि त्योहार के दौरान माहौल बिगाड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।