पूर्व सीएम के घर ईडी रेड का विरोध, कार्यकर्ताओं ने गाड़ियों पर किया हमला...
केरल के पूर्व मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के आवास पर प्रवर्तन निदेशालय की छापेमारी के बाद तिरुवनंतपुरम में बड़ा हंगामा देखने को मिला। सीपीएम कार्यकर्ताओं ने ईडी अधिकारियों की गाड़ियों पर हमला कर शीशे तोड़ दिए। यह कार्रवाई कथित एक सौ अस्सी करोड़ रुपये के धन शोधन मामले को लेकर की गई थी। घटना के बाद राज्य की राजनीति गरमा गई है और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं।
दि राइजिंग न्यूज़ | तिरुवनंतपुरम | 27 मई 2026
केरल में प्रवर्तन निदेशालय की कार्रवाई के बाद राजनीतिक माहौल अचानक गरमा गया है। पूर्व मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के तिरुवनंतपुरम स्थित आवास पर छापेमारी के बाद कम्युनिस्ट पार्टी के कार्यकर्ताओं ने जमकर हंगामा किया। आरोप है कि ईडी अधिकारियों की गाड़ियों को निशाना बनाते हुए कार्यकर्ताओं ने हमला कर दिया और कई वाहनों के शीशे तोड़ दिए। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई।जानकारी के अनुसार ईडी की टीम जैसे ही कार्रवाई पूरी कर आवास से बाहर निकली, वहां पहले से मौजूद सीपीएम कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। देखते ही देखते स्थिति उग्र हो गई और अधिकारियों की गाड़ियों को घेर लिया गया। इस दौरान कुछ कार्यकर्ताओं ने हाथ-पैर से गाड़ियों पर हमला किया, जबकि कुछ लोगों ने ईंट-पत्थर भी फेंके।
एक सौ अस्सी करोड़ रुपये के मामले में चल रही जांच
प्रवर्तन निदेशालय की यह कार्रवाई कोचिन मिनरल्स एंड रूटाइल लिमिटेड से जुड़े कथित धन शोधन मामले को लेकर की गई थी। बताया जा रहा है कि यह मामला लगभग एक सौ अस्सी करोड़ रुपये के लेनदेन और वित्तीय अनियमितताओं से जुड़ा हुआ है। जांच एजेंसी ने इसी मामले में राज्यभर में कई ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की।सूत्रों के अनुसार पूर्व मुख्यमंत्री पिनराई विजयन का आवास भी जांच के दायरे में शामिल था। ईडी अधिकारियों ने कई दस्तावेजों और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की जांच की। हालांकि अभी तक एजेंसी की ओर से आधिकारिक रूप से कोई विस्तृत बयान जारी नहीं किया गया है।
गाड़ियों के शीशे तोड़े, ईंट से किया हमला
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार विरोध प्रदर्शन के दौरान माहौल अचानक हिंसक हो गया। कई कार्यकर्ता ईडी अधिकारियों की गाड़ियों के सामने पहुंच गए और जोर-जबरदस्ती करने लगे। कुछ लोगों ने वाहनों के दरवाजों और शीशों पर हमला किया।एक वीडियो में देखा गया कि एक कार्यकर्ता ने गाड़ी के सामने वाले शीशे पर ईंट से हमला किया। इससे वाहन को काफी नुकसान पहुंचा। घटना के दौरान वहां भारी पुलिस बल मौजूद था, लेकिन स्थिति कुछ देर के लिए पूरी तरह बेकाबू हो गई।
पुलिस और प्रशासन अलर्ट मोड पर
घटना के बाद पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है और आसपास के क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि घटना से जुड़े वीडियो और तस्वीरों की जांच की जा रही है।अधिकारियों के अनुसार जिन लोगों ने हिंसा और तोड़फोड़ की है, उनकी पहचान कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का कहना है कि सरकारी जांच एजेंसियों पर हमला किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
सीपीएम ने ईडी कार्रवाई पर उठाए सवाल
दूसरी तरफ सीपीएम नेताओं ने ईडी की कार्रवाई को राजनीतिक बदले की भावना से प्रेरित बताया है। पार्टी का आरोप है कि विपक्षी नेताओं और गैर-भाजपा शासित राज्यों को केंद्रीय एजेंसियों के जरिए निशाना बनाया जा रहा है।पार्टी नेताओं ने कहा कि ईडी की छापेमारी केवल राजनीतिक दबाव बनाने की कोशिश है। हालांकि हिंसा और गाड़ियों पर हमले को लेकर पार्टी की ओर से आधिकारिक रूप से कोई स्पष्ट बयान सामने नहीं आया है।
विपक्ष और भाजपा आमने-सामने
इस घटना के बाद केरल की राजनीति में नया विवाद खड़ा हो गया है। भाजपा नेताओं ने सीपीएम कार्यकर्ताओं की कार्रवाई को लोकतंत्र पर हमला बताया है। उनका कहना है कि जांच एजेंसियों को डराने और दबाव बनाने की कोशिश की जा रही है।वहीं विपक्षी दलों ने सवाल उठाया कि अगर जांच निष्पक्ष है तो फिर हिंसक विरोध क्यों किया गया। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि आने वाले दिनों में यह मामला और ज्यादा गरमा सकता है।
राज्य की राजनीति में बढ़ सकता है तनाव
पिनराई विजयन के आवास पर ईडी की कार्रवाई और उसके बाद हुए हमले ने केरल की राजनीति में हलचल तेज कर दी है। राज्य में पहले से ही केंद्रीय एजेंसियों की भूमिका को लेकर विवाद बना हुआ है। अब इस घटना के बाद राजनीतिक टकराव और बढ़ने के संकेत मिल रहे हैं। यदि जांच एजेंसियों की कार्रवाई और विरोध प्रदर्शन इसी तरह जारी रहे तो राज्य में कानून-व्यवस्था और राजनीतिक माहौल दोनों प्रभावित हो सकते हैं। फिलहाल पूरे मामले पर देशभर की नजर बनी हुई है।