रूस में बाल-बाल बचे भारतीय सांसद, फ्लाइट लैंडिंग से ठीक पहले हुआ ड्रोन हमला
दि राइजिंग न्यूज। मॉस्को । 23 मई, 2025 । ऑपरेशन सिंदूर के बाद अंतरराष्ट्रीय अभियान के तहत रूस पहुंचे भारतीय सांसदों का प्रतिनिधिमंडल एक बड़े हादसे से बाल-बाल बच गया। डीएमके सांसद कनिमोझी के नेतृत्व में यह डेलिगेशन जैसे ही मॉस्को के डोमोडेडोवो अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के करीब पहुंचा, यूक्रेन की ओर से ड्रोन हमले शुरू हो गए। सुरक्षा कारणों से विमान को करीब 45 मिनट तक आसमान में चक्कर लगाना पड़ा, जिसके बाद उसे सुरक्षित रूप से उतारा गया।
दि राइजिंग न्यूज। मॉस्को । 23 मई, 2025 ।
ऑपरेशन सिंदूर के बाद अंतरराष्ट्रीय अभियान के तहत रूस पहुंचे भारतीय सांसदों का प्रतिनिधिमंडल एक बड़े हादसे से बाल-बाल बच गया। डीएमके सांसद कनिमोझी के नेतृत्व में यह डेलिगेशन जैसे ही मॉस्को के डोमोडेडोवो अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के करीब पहुंचा, यूक्रेन की ओर से ड्रोन हमले शुरू हो गए। सुरक्षा कारणों से विमान को करीब 45 मिनट तक आसमान में चक्कर लगाना पड़ा, जिसके बाद उसे सुरक्षित रूप से उतारा गया।
डेलिगेशन का उद्देश्य
यह प्रतिनिधिमंडल भारत द्वारा पाकिस्तान और पीओके में चलाए गए ऑपरेशन सिंदूर के बाद आतंकवाद के खिलाफ वैश्विक जागरूकता फैलाने के लिए रवाना किया गया है। ऑपरेशन सिंदूर, पहलगाम आतंकी हमले के जवाब में एक सटीक सैन्य कार्रवाई थी, जिसमें 26 नागरिक मारे गए थे।
कनिमोझी की अगुवाई में प्रतिनिधिमंडल
डीएमके की सांसद कनिमोझी इस बहुपक्षीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कर रही हैं। रूस पहुंचने पर भारतीय राजदूत विनय कुमार और अन्य अधिकारियों ने डोमोडेडोवो एयरपोर्ट पर उनका स्वागत किया।
ड्रोन अटैक के बीच विमान की सुरक्षित लैंडिंग
कनिमोझी के करीबी सूत्रों ने बताया कि "विमान को सुरक्षा कारणों से हवा में चक्कर लगाना पड़ा। करीब 45 मिनट की देरी के बाद वह सुरक्षित लैंड कर गईं।" यह डेलिगेशन पांच देशों के दौरे पर है, जिसका पहला चरण रूस है। इसका उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय समुदाय को पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद के गंभीर खतरे से अवगत कराना है।