"2027 का चुनाव INDIA गठबंधन के साथ ही लड़ेंगे": अखिलेश यादव का बड़ा ऐलान, BJP पर भी तीखा हमला
दि राइजिंग न्यूज। लखनऊ, 21 अप्रैल 2025 समाजवादी पार्टी (सपा) प्रमुख और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने रविवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में स्पष्ट किया कि INDIA गठबंधन अगले विधानसभा चुनाव तक पूरी मजबूती के साथ कायम रहेगा। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी 2027 का उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव INDIA गठबंधन के साथ मिलकर ही लड़ेगी।
दि राइजिंग न्यूज।
लखनऊ, 21 अप्रैल 2025 ।
समाजवादी पार्टी (सपा) प्रमुख और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने रविवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में स्पष्ट किया कि INDIA गठबंधन अगले विधानसभा चुनाव तक पूरी मजबूती के साथ कायम रहेगा। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी 2027 का उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव INDIA गठबंधन के साथ मिलकर ही लड़ेगी।
INDIA गठबंधन पर अखिलेश का विश्वास बरकरार
लोकसभा चुनाव 2024 के बाद से INDIA गठबंधन की सक्रियता पर सवाल उठने लगे थे, और दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 में आम आदमी पार्टी (AAP) और कांग्रेस के बीच टकराव ने इन अटकलों को और हवा दी। लेकिन अखिलेश यादव ने इन अटकलों पर विराम लगाते हुए कहा कि 2027 में भी यह गठबंधन एकजुट रहेगा और भाजपा को सत्ता से बाहर करेगा।
उन्होंने कहा, “PDA यानी पिछड़े, दलित और अल्पसंख्यक मिलकर भाजपा को सत्ता से उखाड़ फेकेंगे और एक न्यायपूर्ण सरकार बनाएंगे।”
वक्फ संशोधन विधेयक पर केंद्र सरकार को घेरा
अखिलेश यादव ने केंद्र की मोदी सरकार पर हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि वक्फ (संशोधन) विधेयक के जरिए बीजेपी ‘भूमाफिया’ की तरह काम कर रही है। उन्होंने कहा, “जहां भी जमीन दिखती है, बीजेपी उसे हड़पना चाहती है। ये सरकार जमीन कब्जाने की नीति पर चल रही है।”
साथ ही उन्होंने नोटबंदी और जीएसटी को भी जनविरोधी कदम बताया और कहा कि इन नीतियों ने आम लोगों की कमर तोड़ दी है। उन्होंने आरक्षण के अधिकारों में कटौती करने का भी आरोप लगाया।
महाकुंभ 2025 पर गंभीर सवाल
प्रयागराज में आयोजित महाकुंभ 2025 को लेकर अखिलेश यादव ने योगी सरकार की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम के दौरान भारी अव्यवस्था रही और सरकार ने श्रद्धालुओं की मौतों की सही जानकारी छिपाई।
उन्होंने आरोप लगाया कि जनवरी में हुई भगदड़ के दौरान प्रशासन पूरी तरह विफल रहा, न तो ड्रोन कैमरे काम कर रहे थे, न ही सीसीटीवी। “भगदड़ के शिकार लोगों के परिवारों पर सरकार ने दबाव बनाया कि वे मौत के कारणों को लेकर चुप रहें,” उन्होंने कहा।
अखिलेश ने मांग की कि महाकुंभ की संपूर्ण जांच कराई जाए और मृतकों के आंकड़े और आर्थिक रिपोर्ट को पारदर्शी रूप से सार्वजनिक किया जाए।