ताजिया जुलूस में दर्दनाक हादसा, तीन की मौत
मध्य प्रदेश के रतलाम जिले में मुहर्रम के अवसर पर निकाले जा रहे ताजिया जुलूस के दौरान बड़ा हादसा हो गया। ताजिया हाईटेंशन बिजली लाइन की चपेट में आने से तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि एक दर्जन से अधिक लोग घायल हो गए। घायलों का विभिन्न अस्पतालों में उपचार जारी है और प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
दि राइजिंग न्यूज़ | रतलाम | 27 जून 2026
ताजिया जुलूस के दौरान मचा कोहराम
मध्य प्रदेश के रतलाम जिले में मुहर्रम के मौके पर निकाले जा रहे ताजिया जुलूस के दौरान बड़ा हादसा हो गया। पिपलौदा थाना क्षेत्र के हतनारा गांव में ताजिया हाईटेंशन बिजली लाइन के संपर्क में आ गया, जिससे मौके पर अफरातफरी मच गई। हादसे में तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि 12 से अधिक लोग घायल हो गए। इनमें कई की हालत गंभीर बताई जा रही है।घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है। हादसे का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें लोग सड़क पर गिरे हुए दिखाई दे रहे हैं और जुलूस में भगदड़ जैसी स्थिति बनी हुई है।
रात करीब सवा ग्यारह बजे हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार यह घटना रात करीब 11 बजकर 15 मिनट पर हुई। मुहर्रम के अवसर पर मेवाती मोहल्ले से ताजिया जुलूस निकाला जा रहा था। इसी दौरान ऊंचा ताजिया गांव से गुजर रही हाईटेंशन बिजली लाइन की चपेट में आ गया।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार जैसे ही ताजिया बिजली तार से टकराया, उसे उठा रहे लोगों को जोरदार करंट लगा और वे जमीन पर गिर पड़े। करंट का असर आसपास मौजूद अन्य लोगों पर भी पड़ा, जिससे कई लोग झुलस गए और घायल हो गए।
तीन लोगों की मौत की पुष्टि
रतलाम पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि हादसे में तीन लोगों की मौत हुई है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और यह पता लगाया जा रहा है कि हादसा किन परिस्थितियों में हुआ।प्रशासन ने मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की है और घायलों के बेहतर इलाज की व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं।
अस्पतालों में चल रहा उपचार
हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया। सभी घायलों को रतलाम मेडिकल कॉलेज और अन्य अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।रतलाम मेडिकल कॉलेज के अधिकारी डॉ. रवींद्र सोलंकी ने बताया कि अस्पताल लाए गए लोगों में से तीन को मृत अवस्था में लाया गया था। वहीं पांच लोगों की हालत गंभीर बनी हुई है और चिकित्सकों की टीम लगातार उनका उपचार कर रही है।
बिजली आपूर्ति बंद न होने की आशंका
स्थानीय लोगों का कहना है कि हर वर्ष ताजिया जुलूस के दौरान सुरक्षा के मद्देनजर संबंधित मार्गों की बिजली आपूर्ति अस्थायी रूप से बंद कर दी जाती है। ग्रामीणों का आरोप है कि इस बार समय पर बिजली सप्लाई बंद नहीं की गई, जिसके कारण यह दर्दनाक हादसा हुआ।हालांकि प्रशासन की ओर से अभी इस संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
अधिकारियों ने संभाला मोर्चा
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंच गए। एडिशनल एसपी ने हतनारा गांव पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और ग्रामीणों से पूरी घटना की जानकारी ली।पिपलौदा थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। साथ ही बिजली विभाग के अधिकारियों से भी घटना के संबंध में रिपोर्ट मांगी गई है।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
इस हादसे ने धार्मिक जुलूसों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था और बिजली लाइनों के प्रबंधन को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि पहले से पर्याप्त सावधानी बरती जाती और बिजली आपूर्ति रोकी जाती तो कई लोगों की जान बच सकती थी।प्रशासन अब यह पता लगाने में जुटा है कि हादसे के लिए लापरवाही किस स्तर पर हुई और क्या सुरक्षा मानकों का पालन किया गया था।मुहर्रम के मौके पर हुए इस हादसे ने कई परिवारों की खुशियां छीन ली हैं। गांव में मातम पसरा हुआ है और घायल लोगों के शीघ्र स्वस्थ होने की दुआ की जा रही है।