लखनऊ में एनकाउंटर: SUV गोलीकांड का आरोपी फरमान अली घायल, पुलिस ने मुठभेड़ में दबोचा
दि राइजिंग न्यूज़। लखनऊ, उत्तर प्रदेश | 30 मई, 2025। राजधानी लखनऊ में हुए सनसनीखेज SUV गोलीकांड के मामले में एक बड़ी कामयाबी सामने आई है। इस मामले में वांछित मुख्य आरोपी फरमान अली को पुलिस ने गाजीपुर थाना क्षेत्र के कल्याण अपार्टमेंट के पास एक मुठभेड़ के दौरान घायल कर गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक, फरमान अली को मुठभेड़ में पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है।
दि राइजिंग न्यूज़। लखनऊ, उत्तर प्रदेश | 30 मई, 2025।
राजधानी लखनऊ में हुए सनसनीखेज SUV गोलीकांड के मामले में एक बड़ी कामयाबी सामने आई है। इस मामले में वांछित मुख्य आरोपी फरमान अली को पुलिस ने गाजीपुर थाना क्षेत्र के कल्याण अपार्टमेंट के पास एक मुठभेड़ के दौरान घायल कर गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस के मुताबिक, फरमान अली को मुठभेड़ में पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है।
???? SUV से आए थे हमलावर, युवक को मारी थी गोली
यह मामला रविवार को सामने आया था, जब SUV सवार बदमाशों ने एक युवक पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दी थीं। इस जानलेवा हमले में पुलिस ने कुल 7 लोगों को नामजद किया था। अब तक तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है और फरमान अली चौथा नामजद आरोपी है जो मुठभेड़ में पुलिस की गिरफ्त में आ गया।
???? कैसे हुआ एनकाउंटर?
पुलिस को फरमान अली के कल्याण अपार्टमेंट के पास छिपे होने की सूचना मिली थी। इसके बाद एक विशेष टीम ने इलाके को चारों तरफ से घेर लिया। खुद को घिरता देख फरमान ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने उसे पैर में गोली मार दी और फिर घायल हालत में काबू कर लिया।
⚖️ पहले से दर्ज हैं कई आपराधिक मामले
लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट के अनुसार फरमान अली के खिलाफ पहले से कई संगीन आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस उससे पूछताछ कर रही है और उसके गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है।
सूत्रों के अनुसार, इस गोलीकांड के पीछे पुरानी रंजिश और आपसी साजिश हो सकती है, जिसकी गहराई से जांच की जा रही है।
???? जांच जारी, नेटवर्क का जल्द होगा खुलासा
पुलिस को उम्मीद है कि फरमान अली से पूछताछ के बाद पूरे नेटवर्क और हमले की असल वजह का खुलासा जल्द हो जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि इस मामले को पूरी तरह सुलझाने के लिए तकनीकी साक्ष्य, सीसीटीवी फुटेज और इलेक्ट्रॉनिक निगरानी का सहारा लिया जा रहा है।