अब भारत का पानी भारत के हक में बहेगा: पीएम मोदी
दि राइजिंग न्यूज। नई दिल्ली। 06 मई 2025 । भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को एक बड़ा और कड़ा संदेश दिया। प्रधानमंत्री ने दो टूक कहा, "पहले भारत के हक का पानी भी बाहर जा रहा था। अब भारत का पानी भारत के हक में बहेगा, भारत के ही काम आएगा।"
दि राइजिंग न्यूज। नई दिल्ली। 06 मई 2025 ।
भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को एक बड़ा और कड़ा संदेश दिया। प्रधानमंत्री ने दो टूक कहा,
"पहले भारत के हक का पानी भी बाहर जा रहा था। अब भारत का पानी भारत के हक में बहेगा, भारत के ही काम आएगा।"
पीएम मोदी का यह बयान साफ तौर पर सिंधु जल समझौते को लेकर भारत के रुख को स्पष्ट करता है। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि अब भारत अपने जल संसाधनों के मामले में किसी तरह की ढिलाई नहीं बरतेगा और पाकिस्तान को जाने वाले पानी पर नियंत्रण का अधिकार पूरी तरह भारत के पास होगा।
सिंधु जल समझौते पर भारत का बदला रुख
पिछले कुछ वर्षों से सिंधु जल समझौते पर पुनर्विचार की मांग उठती रही है, लेकिन अब आतंकी घटनाओं और सीमा पर बढ़ते तनाव के बीच भारत ने इस पर निर्णायक रुख अपनाया है। पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत सरकार ने सिंधु जल समझौते को स्थगित करने की दिशा में गंभीर कदम उठाए हैं।
सेना को खुली छूट, सीमा पर सख्त कार्रवाई
प्रधानमंत्री मोदी ने सेना को पाकिस्तान के खिलाफ कार्रवाई के लिए पूरी छूट दे दी है। नियंत्रण रेखा (LoC) पर लगातार हो रही पाकिस्तानी गोलीबारी का भारतीय सेना भी मुंहतोड़ जवाब दे रही है। दिल्ली में हुई सुरक्षा मामलों की संसदीय समिति की बैठक में भी इस दिशा में कड़े फैसले लिए गए।
7 मई को देशभर में मॉक ड्रिल
देश में सुरक्षा तैयारियों को परखने के लिए 7 मई को मॉक ड्रिल आयोजित की जा रही है। यह ड्रिल हमले की स्थिति में नागरिकों को सुरक्षित रखने और आपात स्थिति में कार्रवाई के लिए है। इसमें:
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एयर सायरन बजेंगे
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ब्लैक आउट किया जाएगा
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लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का अभ्यास किया जाएगा।
प्रधानमंत्री मोदी का यह बयान भारत की नई जल नीति और रणनीतिक दृष्टिकोण का संकेत है। भारत अब अपने संसाधनों पर न सिर्फ अधिकार जताने को तैयार है, बल्कि अपनी सुरक्षा और संप्रभुता से जुड़े हर विषय पर कड़ा रुख भी अपना रहा है।