शोपियां में ढेर हुआ लश्कर का खूंखार कमांडर जाकिर गनी!
जम्मू-कश्मीर के शोपियां जनपद में सुरक्षाबलों ने आतंकवाद के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान में बड़ी सफलता हासिल की है। कई दिनों तक लगातार चले खोज अभियान के बाद लश्कर-ए-तैयबा के शीर्ष कमांडर जाकिर गनी को मुठभेड़ में मार गिराया गया। इस कार्रवाई को घाटी में सक्रिय आतंकवादी नेटवर्क के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। अभियान के दौरान घटनास्थल से हथियार, गोला-बारूद और अन्य आपत्तिजनक सामग्री भी बरामद की गई है। सुरक्षा एजेंसियां पूरे मामले की गहन जांच में जुटी हैं।
दि राइजिंग न्यूज़ | श्रीनगर | 8 जुलाई 2026
चार दिन तक चला अभियान, आखिरकार सुरक्षाबलों को मिली बड़ी सफलता
जम्मू-कश्मीर के शोपियां जनपद में आतंकवाद के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के दौरान सुरक्षाबलों ने बड़ी सफलता प्राप्त की है। कई दिनों से सुरक्षा एजेंसियां संदिग्ध आतंकवादियों की तलाश में लगातार अभियान चला रही थीं। खुफिया जानकारी के आधार पर पूरे क्षेत्र की घेराबंदी की गई और हर संभावित ठिकाने की गहन तलाशी ली गई। इसी अभियान के दौरान लश्कर-ए-तैयबा के शीर्ष कमांडर जाकिर गनी को मुठभेड़ में मार गिराया गया। सुरक्षा अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई घाटी में आतंकवाद के विरुद्ध चल रहे अभियान की महत्वपूर्ण उपलब्धि है।लगातार चार दिनों तक चले इस अभियान में सुरक्षाबलों ने अत्यंत सावधानी और रणनीति के साथ कार्रवाई की। इलाके में किसी भी नागरिक को नुकसान न पहुंचे, इसके लिए पूरे अभियान को योजनाबद्ध तरीके से अंजाम दिया गया। अधिकारियों के अनुसार अभियान अभी भी पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है और आसपास के क्षेत्रों में तलाशी जारी रखी गई है।
संयुक्त अभियान में सेना, पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल ने निभाई अहम भूमिका
इस अभियान में जम्मू-कश्मीर पुलिस, भारतीय सेना तथा केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल की संयुक्त टुकड़ियों ने भाग लिया। सुरक्षा एजेंसियों को पहले से सूचना मिली थी कि इलाके में लश्कर-ए-तैयबा का एक बड़ा आतंकवादी छिपा हुआ है। इसके बाद पूरे क्षेत्र में संयुक्त अभियान शुरू किया गया और हर संदिग्ध स्थान की बारीकी से जांच की गई।तलाशी अभियान के दौरान जैसे ही सुरक्षाबल एक संदिग्ध स्थान के निकट पहुंचे, वहां से गोलीबारी शुरू हो गई। इसके जवाब में सुरक्षाबलों ने मोर्चा संभालते हुए जवाबी कार्रवाई की। कुछ समय तक चली मुठभेड़ के बाद आतंकवादी को मार गिराया गया। अभियान पूरा होने के बाद पूरे क्षेत्र को सुरक्षित घोषित करने से पहले दोबारा तलाशी ली गई।
मुठभेड़ के बाद बरामद हुआ आतंकवादी का शव
सुरक्षाबलों ने मुठभेड़ समाप्त होने के बाद घटनास्थल से जाकिर गनी का शव बरामद किया। अधिकारियों के अनुसार शव की पहचान आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के बाद की गई। इसके साथ ही घटनास्थल को पूरी तरह सुरक्षित कर साक्ष्य जुटाने का कार्य भी शुरू किया गया।अधिकारियों का कहना है कि घटनास्थल से प्राप्त सभी सामग्री की जांच की जाएगी। बरामद साक्ष्यों के आधार पर यह पता लगाने का प्रयास किया जाएगा कि आतंकवादी किन गतिविधियों में शामिल था और उसके संपर्क किन लोगों से जुड़े हुए थे। जांच एजेंसियां इस पूरे नेटवर्क की कड़ियों को जोड़ने में लगी हुई हैं।
हथियार और गोला-बारूद का बड़ा जखीरा बरामद
मुठभेड़ के बाद सुरक्षाबलों ने घटनास्थल से कई हथियार, बड़ी मात्रा में गोला-बारूद तथा अन्य संदिग्ध सामग्री भी बरामद की है। बरामद हथियारों को जांच के लिए सुरक्षित रखा गया है। सुरक्षा एजेंसियां यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि इन हथियारों का उपयोग किन घटनाओं में किया जाना था। इस बरामदगी से आतंकवादी संगठन की भविष्य की कई योजनाओं को समय रहते विफल किया जा सकता है। सुरक्षा एजेंसियां बरामद सामग्री के आधार पर अन्य आतंकवादियों और उनके सहयोगियों की तलाश भी तेज कर रही हैं।
पुलिस का सख्त संदेश, आतंकवादियों के लिए घाटी में कोई सुरक्षित ठिकाना नहीं
कार्रवाई के बाद जम्मू-कश्मीर पुलिस ने अपने आधिकारिक संदेश में स्पष्ट कहा कि आतंकवादी चाहे जितना भागने या छिपने का प्रयास करें, सुरक्षा एजेंसियां उन्हें खोज निकालेंगी। पुलिस ने संयुक्त अभियान में शामिल सभी सुरक्षाबलों की सराहना करते हुए इसे आतंकवाद के विरुद्ध बड़ी सफलता बताया।अधिकारियों ने कहा कि घाटी में सक्रिय आतंकवादी संगठनों के विरुद्ध अभियान लगातार जारी रहेगा। सुरक्षा एजेंसियों की प्राथमिकता क्षेत्र में शांति बनाए रखना और आतंकवाद की हर गतिविधि को समय रहते समाप्त करना है। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना मिलने पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी।
घाटी में लगातार जारी है आतंकवाद विरोधी अभियान
जम्मू-कश्मीर में पिछले कुछ समय से सुरक्षाबल लगातार आतंकवाद विरोधी अभियान चला रहे हैं। खुफिया सूचनाओं के आधार पर संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित तलाशी अभियान और निगरानी बढ़ाई गई है। सुरक्षा एजेंसियां आतंकवादी संगठनों के नेटवर्क को पूरी तरह समाप्त करने के उद्देश्य से लगातार कार्रवाई कर रही हैं।अधिकारियों का कहना है कि आम नागरिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाया जा रहा है। आने वाले समय में भी आतंकवाद के विरुद्ध इसी प्रकार के अभियान पूरी मजबूती के साथ जारी रहेंगे।