खरगे बोले- पहले धर्मेंद्र प्रधान को हटाइए!

नीट प्रश्नपत्र लीक मामले पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के देर रात जारी वीडियो के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने धर्मेंद्र प्रधान को पद से हटाने, छात्रों से माफी मांगने और संसद में बयान देने की मांग उठाई।

खरगे बोले- पहले धर्मेंद्र प्रधान को हटाइए!

दि राइजिंग न्यूज़ | नई दिल्ली | 24 जुलाई 2026

नीट प्रश्नपत्र लीक विवाद को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा देर रात जारी किए गए वीडियो के बाद सियासी माहौल और गर्म हो गया है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री से संसद में आकर बयान देने की मांग करते हुए कहा कि सबसे पहले केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को पद से हटाया जाए। उन्होंने छात्रों से माफी मांगने और प्रदर्शन के दौरान बल प्रयोग करने वालों पर कठोर कार्रवाई की भी मांग उठाई है।


आधी रात के वीडियो पर कांग्रेस अध्यक्ष ने उठाए सवाल

नीट प्रश्नपत्र लीक मामले पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देर रात वीडियो संदेश जारी कर सरकार द्वारा उठाए जा रहे कदमों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि दोषियों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा तथा उनके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। साथ ही उन्होंने त्वरित न्यायालय के गठन की तैयारी और संबंधित मसौदे का भी उल्लेख किया।प्रधानमंत्री के इस वीडियो के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने कहा कि जब संसद का सत्र चल रहा हो तब प्रधानमंत्री को संसद के भीतर देश और सदन को संबोधित करना चाहिए। उनका कहना था कि संसद से बाहर वीडियो जारी करना लोकतांत्रिक परंपराओं के अनुरूप नहीं माना जा सकता।


धर्मेंद्र प्रधान को पद से हटाने की मांग

मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री से कहा कि यदि सरकार वास्तव में इस पूरे मामले को गंभीरता से ले रही है तो सबसे पहले केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को उनके पद से हटाया जाए। उनका आरोप है कि परीक्षा व्यवस्था में हुई गंभीर चूक की नैतिक जिम्मेदारी सरकार और संबंधित मंत्रालय की बनती है।उन्होंने कहा कि जब तक जिम्मेदारी तय नहीं होगी तब तक केवल घोषणाओं से छात्रों का भरोसा वापस नहीं आएगा। कांग्रेस का कहना है कि सरकार को जवाबदेही तय करते हुए ठोस कदम उठाने चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।


छात्रों से माफी और कार्रवाई की मांग

कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि सरकार को सबसे पहले उन लाखों छात्रों और अभिभावकों से सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए जिन्हें परीक्षा विवाद के कारण मानसिक तनाव और अनिश्चितता का सामना करना पड़ा। उन्होंने कहा कि छात्रों का भविष्य किसी भी प्रकार की लापरवाही की भेंट नहीं चढ़ना चाहिए।उन्होंने यह भी मांग की कि छात्र आंदोलन के दौरान जिन लोगों ने बल प्रयोग कराया या छात्रों की आवाज दबाने का प्रयास किया, उनके विरुद्ध निष्पक्ष और कठोर कार्रवाई की जाए। उनका कहना है कि लोकतंत्र में शांतिपूर्ण विरोध का सम्मान किया जाना चाहिए।


शिक्षा व्यवस्था पर व्यापक चर्चा की मांग

मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि सरकार यदि छात्रों से माफी मांगती है, जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई करती है और जवाबदेही तय करती है, तभी शिक्षा व्यवस्था में सुधार को लेकर गंभीर चर्चा का माहौल बनेगा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस शिक्षा व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और विश्वसनीय बनाने पर विस्तृत चर्चा चाहती है।उन्होंने आरोप लगाया कि लगातार सामने आ रही परीक्षा संबंधी अनियमितताओं ने युवाओं का भरोसा कमजोर किया है। ऐसे में सरकार को केवल आश्वासन नहीं बल्कि प्रभावी सुधार लागू करने होंगे।


प्रधानमंत्री ने क्या कहा था

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने वीडियो संदेश में कहा कि प्रश्नपत्र लीक जैसे अपराधों से सख्ती से निपटने के लिए सरकार व्यापक तैयारी कर रही है। उन्होंने बताया कि अधिकारियों ने त्वरित न्यायालय के गठन तथा दोषियों को शीघ्र और कठोर दंड दिलाने से जुड़ा मसौदा तैयार कर उन्हें सौंप दिया है।प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि इस प्रस्ताव पर मंत्रिमंडल की बैठक में चर्चा की जाएगी। मंत्रियों के सुझावों के बाद अंतिम रूप देकर संबंधित विधेयक को शीघ्र संसद में प्रस्तुत करने और पारित कराने का प्रयास किया जाएगा।


मुख्य बिंदु

  • नीट प्रश्नपत्र लीक पर प्रधानमंत्री का देर रात वीडियो संदेश।

  • कांग्रेस अध्यक्ष ने संसद में बयान देने की मांग उठाई।

  • धर्मेंद्र प्रधान को पद से हटाने की मांग दोहराई।

  • छात्रों से माफी और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग।

  • त्वरित न्यायालय और कठोर कानून बनाने की तैयारी का सरकार का दावा।