तनाव के बीच ईरान ने रोका सैन्य अभियान
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच ईरान ने इजरायल के खिलाफ चल रहे सैन्य अभियान को रोकने का ऐलान किया है। हालांकि तेहरान ने स्पष्ट किया है कि यदि इजरायल ने फिर कोई आक्रामक कार्रवाई की तो उसका जवाब पहले से अधिक कठोर होगा। इस बीच अमेरिका ने भी दोनों देशों से तत्काल संघर्ष रोकने की अपील की है।
दि राइजिंग न्यूज़ | नई दिल्ली | 9 जून 2026
ईरान ने सैन्य अभियान रोकने का किया ऐलान
मध्य पूर्व में लगातार बढ़ते तनाव के बीच ईरान ने इजरायल के खिलाफ चल रहे अपने सैन्य अभियान को रोकने की घोषणा की है। तेहरान की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि फिलहाल सैन्य कार्रवाई समाप्त की जा रही है, लेकिन यदि इजरायल या उसके सहयोगी देशों ने दोबारा किसी प्रकार की आक्रामक कार्रवाई की तो उसका जवाब पहले से कहीं अधिक कठोर और विनाशकारी होगा। इस घोषणा के बाद क्षेत्र में संभावित बड़े युद्ध की आशंकाओं के बीच कूटनीतिक हलकों में हलचल तेज हो गई है।
अमेरिकी राष्ट्रपति ने की संघर्ष रोकने की अपील
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी इजरायल और ईरान दोनों से तत्काल गोलीबारी रोकने और हालात को नियंत्रण में रखने की अपील की है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय लगातार दोनों देशों से संयम बरतने और तनाव कम करने के लिए बातचीत का रास्ता अपनाने का आग्रह कर रहा है। यदि संघर्ष और बढ़ता है तो इसका असर पूरे पश्चिम एशिया की सुरक्षा और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर पड़ सकता है।
ईरानी सैन्य मुख्यालय का बड़ा बयान
ईरान के खतम अल अनबिया केंद्रीय मुख्यालय ने आधिकारिक रूप से घोषणा करते हुए कहा कि इजरायल के खिलाफ सैन्य अभियान समाप्त किया जा रहा है। ईरानी सेना ने दावा किया कि लेबनान के पीड़ित लोगों के समर्थन में आवश्यक जवाब दिया जा चुका है और वर्तमान स्थिति में अभियान को रोकने का निर्णय लिया गया है। सोमवार को जारी बयान में सैन्य नेतृत्व ने कहा कि दो महीने पहले अमेरिकी मध्यस्थता में हुए संघर्ष विराम के बाद पहली बार दोनों देशों के बीच सीधे सैन्य हमले हुए हैं।
फिर युद्ध के मुहाने पर पहुंचा पश्चिम एशिया
ईरान और इजरायल के बीच ताजा टकराव ने पूरे पश्चिम एशिया को एक बार फिर बड़े युद्ध की आशंका के करीब ला दिया है। क्षेत्रीय विशेषज्ञों का कहना है कि हाल के हमलों ने स्थिति को बेहद संवेदनशील बना दिया है और किसी भी छोटी घटना से संघर्ष और व्यापक रूप ले सकता है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कई देशों ने दोनों पक्षों से संयम बरतने की अपील की है।
राष्ट्रीय सुरक्षा पर ईरानी राष्ट्रपति का जोर
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने कहा कि उनकी सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता राष्ट्रीय सुरक्षा और नागरिकों की शांति सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि ईरान अपने अधिकारों और राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और किसी भी दबाव या खतरे के सामने पीछे नहीं हटेगा। राष्ट्रपति ने कहा कि कूटनीति और रक्षा देश की शक्ति के दो महत्वपूर्ण स्तंभ हैं और ईरान दोनों मोर्चों पर सक्रिय रहेगा।
बातचीत और सुरक्षा दोनों पर रहेगा फोकस
मसूद पेजेशकियन ने स्पष्ट किया कि ईरान ने न तो संघर्ष के मैदान को छोड़ा है और न ही संवाद की मेज से दूरी बनाई है। उन्होंने विश्वास जताया कि राष्ट्रीय एकता, धैर्य और समझदारी के बल पर देश मौजूदा चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों से सफलतापूर्वक बाहर निकलेगा। उनके बयान को ईरान की संतुलित रणनीति के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
आक्रामक कार्रवाई पर दी कड़ी चेतावनी
ईरान की संयुक्त सैन्य कमान ने चेतावनी दी है कि यदि इजरायल या उसके समर्थक दक्षिणी लेबनान समेत किसी भी क्षेत्र में शत्रुतापूर्ण कार्रवाई करते हैं तो तेहरान पहले से कहीं ज्यादा सख्त और निर्णायक कदम उठाएगा। यह चेतावनी ऐसे समय सामने आई है जब दोनों देशों के बीच अविश्वास और तनाव लगातार बढ़ रहा है।
मिसाइल हमलों से बढ़ा टकराव
रविवार शाम से ईरान ने इजरायल के कई क्षेत्रों की ओर दर्जनों मिसाइलें दागीं। ईरान का दावा है कि यह कार्रवाई बेरूत के दक्षिणी इलाकों पर इजरायली सैन्य हमले के जवाब में की गई। ईरानी मिसाइल हमलों के बाद इजरायल ने भी जवाबी कार्रवाई करते हुए मध्य और पश्चिमी ईरान के कई ठिकानों को निशाना बनाया। इन हमलों ने क्षेत्र में तनाव को और बढ़ा दिया।
भारतीय नागरिकों के लिए जारी हुई एडवाइजरी
तेहरान स्थित भारतीय दूतावास ने ईरान में मौजूद भारतीय नागरिकों को जल्द से जल्द देश छोड़ने की सलाह दी है। दूतावास ने कहा है कि मौजूदा सुरक्षा परिस्थितियों को देखते हुए भारतीय नागरिक फिलहाल ईरान की यात्रा करने से बचें। दूतावास के अनुसार क्षेत्रीय हालात तेजी से बदल रहे हैं और सुरक्षा जोखिम बढ़ सकते हैं।
भारतीयों से सतर्क रहने की अपील
भारतीय दूतावास ने अपनी एडवाइजरी में कहा है कि ईरान में मौजूद सभी भारतीय उपलब्ध साधनों का उपयोग करके जल्द से जल्द सुरक्षित स्थानों पर जाएं और अवसर मिलने पर देश से बाहर निकलें। साथ ही भारतीय नागरिकों को स्थानीय प्रशासन और दूतावास द्वारा जारी सुरक्षा निर्देशों का पालन करने तथा किसी भी आपात स्थिति में दूतावास के संपर्क में बने रहने की सलाह दी गई है।
क्षेत्रीय हालात पर दुनिया की नजर
ईरान द्वारा सैन्य अभियान रोकने की घोषणा के बावजूद पश्चिम एशिया में तनाव पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है। दोनों देशों के हालिया हमलों और तीखे बयानों के कारण स्थिति अब भी संवेदनशील बनी हुई है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजर अब इस बात पर टिकी है कि क्या यह युद्धविराम लंबे समय तक कायम रहेगा या क्षेत्र एक बार फिर बड़े सैन्य टकराव की ओर बढ़ेगा।