शराब की कैंटीन में कुर्सी पर बैठे-बैठे युवक की मौत:मेरठ के शास्त्रीनगर का रहने वाला था 37 वर्षीय अंकुश, शराब पीने का था आदी
मेरठ के मेडिकल थाना क्षेत्र में मेडिकल कॉलेज के सामने स्थित शराब की कैंटीन में बुधवार दोपहर एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। युवक कैंटीन में कुर्सी पर बैठा था। काफी देर तक उसके शरीर में कोई हलचल नहीं हुई तो आसपास मौजूद लोगों को शक हुआ। उन्होंने पास जाकर उसे हिलाया तो वह कुर्सी से नीचे गिर पड़ा। लोगों ने देखा तो उसकी मौत हो चुकी थी। कैंटीन में युवक की मौत की खबर फैलते ही खलबली मच गई। सूचना पर पहुंची मेडिकल थाना पुलिस ने जांच-पड़ताल के बाद शव को मोर्चरी भिजवा दिया। मृतक की पहचान शास्त्रीनगर निवासी 37 वर्षीय अंकुश कुमार के रूप में हुई है। एसपी सिटी विनायक गोपाल भोसले ने बताया कि मेडिकल कॉलेज के सामने तक्षशिला कॉलोनी के मुख्य गेट के पास एक कैंटीन है, जहां लोग बैठकर शराब पीते हैं। बुधवार दोपहर अंकुश भी कैंटीन में पहुंचा था। वह एक कुर्सी पर बैठा हुआ था। आसपास मौजूद लोगों ने काफी देर तक उसे उसी स्थिति में बैठे देखा। इस दौरान उसके शरीर में कोई हलचल नहीं हुई। पहले लोगों ने इस पर ध्यान नहीं दिया, लेकिन काफी देर तक कोई प्रतिक्रिया नहीं मिलने पर कुछ लोग उसके पास पहुंचे। हिलाते ही कुर्सी से नीचे गिरा युवक
लोगों ने अंकुश को आवाज दी लेकिन उसकी तरफ से कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद उन्होंने उसे हिलाकर उठाने का प्रयास किया तो वह कुर्सी से नीचे गिर पड़ा। उसे देखकर लोगों को पता चला कि उसकी मौत हो चुकी है। इसके बाद कैंटीन में मौजूद लोगों में अफरातफरी मच गई। सूचना मिलने पर मेडिकल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और युवक की पहचान कराने का प्रयास किया। बाद में उसकी पहचान शास्त्रीनगर निवासी अंकुश कुमार के रूप में हुई। परिजनों ने घर से निकाल दिया था
पुलिस ने मृतक के परिजनों से संपर्क किया तो पता चला कि अंकुश शराब पीने का आदी था। उसकी हरकतों से परेशान होकर परिजनों ने उसे घर से निकाल दिया था। इसके बाद वह ज्यादातर समय घर से बाहर और सड़कों पर ही बिताता था। इसी दौरान उसकी शराब पीने की आदत और बढ़ गई थी। पुलिस ने परिजनों से जानकारी जुटाने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भिजवा दिया। युवक की मौत के कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)