21 झांकियों में दिखेगी राम नगरी से यूपी का विकास:साकेत महाविद्यालय से रामकथा पार्क तक निकलेगी शोभायात्रा; सात कांडों में सजेगी रामायण की गाथा
रामनगरी अयोध्या में दसवें दीपोत्सव को यादगार बनाने की तैयारियां तेज हो गई हैं। इस बार दीपोत्सव में आस्था, संस्कृति और विकास का अनूठा संगम देखने को मिलेगा। साकेत महाविद्यालय परिसर में 21 भव्य झांकियां तैयार की जा रही हैं। इनके जरिए जहां प्रदेश सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों को प्रदर्शित किया जाएगा, वहीं रामचरितमानस के सातों कांडों के माध्यम से भगवान राम के जीवन की संपूर्ण गाथा जीवंत होगी। झांकियों में 14 सूचना विभाग की हैं। इनके जरिए जल जीवन मिशन, एक जिला-एक उत्पाद (ओडीओपी), आयुष्मान योजना, मिशन शक्ति, प्रधानमंत्री आवास योजना, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना और डिफेंस कॉरिडोर जैसी योजनाओं को दर्शाया जाएगा। इसके अलावा शिक्षा, स्वास्थ्य, बुनियादी ढांचे और पर्यटन के क्षेत्र में हुए विकास कार्यों की झलक भी दिखाई जाएगी। वहीं, पर्यटन एवं संस्कृति विभाग की सात झांकियां रामचरितमानस के सातों कांड पर आधारित होंगी। बालकांड में राम जन्म और सीता स्वयंवर, अयोध्याकांड में वनगमन, अरण्यकांड में सीता हरण, किष्किंधाकांड में राम-हनुमान मिलन, सुंदरकांड में लंका दहन और लंकाकांड में राम-रावण युद्ध के प्रसंग प्रदर्शित होंगे। उत्तरकांड में रामराज्य और राज्याभिषेक की झलक दिखाई जाएगी। 16 रामलीला टीमें भी बनेंगी आकर्षण इस बार शोभायात्रा में अयोध्या की 16 रामलीला टीमें भी शामिल होंगी। पहली बार रामलीला के सोलह शृंगार की परंपरा को भी शोभायात्रा का हिस्सा बनाया जा रहा है। देश के 14 राज्यों और उत्तर प्रदेश की 11 टीमों के कलाकार लोकनृत्य प्रस्तुत करेंगे। हरियाणा का फाग, केरल का कथकली, राजस्थान का घूमर और पंजाब का भांगड़ा आकर्षण बढ़ाएंगे। आयोजन में 650 से अधिक कलाकारों के शामिल होने की संभावना है। रामकथा पार्क में होगा प्रतीकात्मक राज्याभिषेक दीपोत्सव का मुख्य आकर्षण रामकथा पार्क में होने वाला भगवान राम का प्रतीकात्मक राज्याभिषेक होगा। सात नवंबर को उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन महर्षि वशिष्ठ की भूमिका में भगवान राम और माता सीता का राजतिलक करेंगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और राज्यपाल आनंदीबेन पटेल भी इस ऐतिहासिक आयोजन के साक्षी बनेंगे। अब तक राज्याभिषेक की यह परंपरा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ निभाते रहे हैं। इस बार उपराष्ट्रपति के शामिल होने से आयोजन को विशेष गरिमा मिलने की उम्मीद है
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)