गजल होटल की संपत्ति पर दो लोगों ने दावा किया:अब्बास अंसारी को 500 रुपए के हर्जाने पर अंतिम मौका, अगली सुनवाई 19 नवंबर को
गाजीपुर के महुआबाग स्थित गजल होटल की संपत्ति पर मालिकाना हक को लेकर कानूनी लड़ाई जारी है। मोती लाल वर्मा और अभिषेक अग्रवाल ने संपत्ति पर अपना दावा पेश किया है। वहीं, मुख्तार अंसारी के बेटे अब्बास अंसारी और उमर अंसारी ने भी संपत्ति पर आपत्ति दाखिल की है। 5 नवंबर को सुनवाई के दौरान अब्बास अंसारी के वकील ने समय मांगते हुए स्थगन का आवेदन दिया। MP-MLA कोर्ट में न्यायाधीश शक्ति सिंह की अदालत ने 500 रुपए के हर्जाने पर आवेदन स्वीकार कर लिया। अदालत ने अब्बास अंसारी को अंतिम मौका देते हुए कहा कि अब आगे कोई अवसर नहीं दिया जाएगा। मामले की अगली सुनवाई 19 नवंबर को होगी। गैंगस्टर एक्ट के तहत कुर्क हुई थी संपत्ति जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) अखिलेश सिंह नव ने शुक्रवार दोपहर तीन बजे बताया कि गैंगस्टर एक्ट की धारा 14(1) के तहत गाजीपुर के अधिकारियों ने गजल होटल की संपत्ति कुर्क की थी। इस कार्रवाई से जुड़ा मामला अदालत में भेजा गया है। इसी मुकदमे में मोती लाल वर्मा और टेढ़ी बाजार के रहने वाले अभिषेक अग्रवाल ने दावा किया है कि गजल होटल की संपत्ति मुख्तार अंसारी की नहीं, बल्कि उनकी है। अब्बास और उमर ने भी दाखिल की आपत्ति अब्बास अंसारी और उमर अंसारी ने भी संपत्ति पर अपना अधिकार बताते हुए अदालत में आपत्ति दाखिल की है। 5 नवंबर को सुनवाई के दौरान अब्बास के वकील ने जवाब दाखिल करने के लिए समय मांगा था। अदालत ने 500 रुपए का हर्जाना लगाकर उन्हें आखिरी मौका दिया है। अब मामले की सुनवाई 19 नवंबर को होगी।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)