कायमगंज में 52 घंटे लगातार बारिश, शहर में बिजली ठप:जलभराव से जनजीवन अस्त-व्यस्त, लोग मोमबत्ती युग में लौटे; ई-रिक्शा भी रुके
कायमगंज में शुक्रवार सुबह 4 बजे शुरू हुई मूसलाधार बारिश रविवार तक 52 घंटे लगातार जारी रही। लगातार बारिश से पूरा शहर टापू में बदल गया और जगह-जगह जलभराव से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। शुक्रवार दोपहर 2 बजे से ठप हुई बिजली सप्लाई रविवार सुबह तक बहाल नहीं हो सकी। इससे पूरा नगर अंधेरे में डूबा रहा। इनवर्टर और बैटरी डिस्चार्ज होने के बाद लोगों को वर्षों बाद मोमबत्ती और लैंप खरीदने पड़े। पानी की टंकियां खाली हो गईं और सप्लाई बाधित होने से लोग पानी के लिए परेशान रहे। मोबाइल नेटवर्क भी फेल हो गया और बैटरी चार्ज न होने से ई-रिक्शा भी बंद रहे। बारिश और जलभराव से कई घरों और दुकानों में पानी घुस गया। मोहल्ला सधवाड़ा निवासी रवि चंद गुप्ता का कच्चा मकान ढह गया, हालांकि परिवार समय रहते सुरक्षित बाहर निकल आया। लालकुआं रोड स्थित वर्मा मार्केट की रामनिवास पप्पू प्रेम नगर की कपड़े, चंद्रशेखर की बक्सा, राकेश की मिठाई, आनंद कंप्यूटर और शोएब की बक्सा दुकानों में करीब तीन फीट पानी भर गया। एसएनएम इंटर कॉलेज की बाउंड्री भी ढह गई और ब्लॉक कार्यालय में भी पानी भर गया। रूटोल पावर हाउस में मशीनें डूबीं रूटोल स्थित विद्युत पावर हाउस में मशीनें पानी में डूबी होने के कारण तीसरे दिन भी बिजली सप्लाई सुचारू नहीं हो सकी। लगातार बिजली गुल रहने से लोगों के घरों में पानी की टंकियां खाली हो गईं। इनवर्टर और बैटरियां जवाब दे गईं, जबकि मोबाइल चार्ज नहीं होने से संपर्क और जरूरी काम प्रभावित हुए। ई-रिक्शा भी चार्जिंग नहीं होने के कारण खड़े रहे। कई घरों के बेसमेंट में 8 फीट पानी नगर के मोहल्ला नोनियमगंज में संतोष कुमार का मकान बारिश और जलभराव के बीच गिर गया। वहीं राजेश भारद्वाज, दीपक, पवन भारद्वाज, रंजीत, विकेश, विकास सुरेश चंद, राजेश चक्की वाले, राहुल गुप्ता और मुकेश के घरों में पीछे स्थित तालाब का पानी घुस गया। इन मकानों के बेसमेंट में करीब 8-8 फीट पानी भर गया। नगरपालिका की ओर से पंपिंग सेट लगाकर पानी निकालने का प्रयास किया जा रहा है। दुकानों और गोदामों में पानी घुसने से भारी नुकसान नगर से सटे ढूंढी गढ़ी गांव में शाहिद फर्नीचर के गोदाम में भी तालाब का पानी घुस गया। गोदाम के बेसमेंट में रखी करोड़ों रुपये कीमत की प्लाईवुड, सनमाइका और अन्य सामान पानी में खराब हो गया। लगातार बारिश के कारण खेत और बाग भी पानी से लबालब हैं, जिससे कृषि क्षेत्र में भी नुकसान की आशंका बनी हुई है। पितौरा की बंजारा बस्ती में भी भरा पानी पितौरा गांव की बंजारा बस्ती में भी बारिश का पानी भर गया। जलभराव के कारण बस्ती के लोगों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लगातार बारिश से शहर और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में हालात बिगड़ते गए हैं। कई जगह मकान, दुकान, संस्थान और रास्ते पानी की चपेट में हैं।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
Comments (0)