वाराणसी में 13 दिन बाद बढ़ने का गंगा का जलस्तर:अबतक शहर में 19 फीसदी अधिक हुई बारिश,कल से होगी तेज धूप
पूर्वांचल में बंगाल की खाड़ी से उठे चक्रवाती सिस्टम का असर लगभग समाप्त होने के साथ ही मौसम में बदलाव के संकेत मिलने लगे हैं। वाराणसी में रविवार को तापमान 30 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। हवा की रफ्तार करीब छह किलोमीटर प्रति घंटे रही। पिछले 24 घंटे में शहर में 15.3 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार अब बारिश का दौर कमजोर पड़ रहा है और सोमवार से तापमान में दोबारा बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। मौसम वैज्ञानिक मनोज श्रीवास्तव ने बताया कि बंगाल की खाड़ी से उठे चक्रवात ‘अर्नब’ का असर अब पूर्वांचल के अधिकांश जिलों से लगभग समाप्त हो चुका है। इसके चलते अगले 24 घंटे में मौसम अपेक्षाकृत साफ होने के साथ तापमान में बढ़ोतरी की संभावना है। हालांकि स्थानीय स्तर पर बादल और हल्की बारिश की स्थिति बनी रह सकती है। सामान्य से 19 फीसदी अधिक बारिश वाराणसी में इस मानसून सीजन में अब तक सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की गई है। 1 जून से 27 सितंबर के बीच जिले में कुल बारिश सामान्य से करीब 19 फीसदी अधिक रही है। पिछले 24 घंटे में हुई 15.3 मिलीमीटर बारिश ने भी सीजन के कुल आंकड़े में इजाफा किया है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में बारिश की गतिविधियां कमजोर होने के बाद तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी हो सकती है। 13 दिन बाद गंगा के जलस्तर में तेजी इधर, करीब 13 दिनों तक लगातार घटने के बाद गंगा के जलस्तर में एक बार फिर तेजी से बढ़ोतरी शुरू हो गई है। शनिवार को जलस्तर बढ़ने की रफ्तार पांच सेंटीमीटर प्रति घंटे तक पहुंच गई। इस साल अब तक पहली बार गंगा के जलस्तर में इतनी तेज गति से बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इससे घाटों और तटवर्ती इलाकों में एक बार फिर पानी बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। केंद्रीय जल आयोग के पूर्वानुमान के अनुसार अगले सात दिनों में गंगा के जलस्तर में करीब 3.96 मीटर तक बढ़ोतरी हो सकती है। 13 सितंबर को 68.72 मीटर था जलस्तर सितंबर के पहले पखवाड़े में गंगा का जलस्तर चेतावनी बिंदु के आसपास पहुंच गया था। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार 13 सितंबर को वाराणसी में गंगा का जलस्तर 68.72 मीटर दर्ज किया गया था। उस समय पानी करीब दो सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से घट रहा था। इसके बाद लगातार जलस्तर में गिरावट दर्ज की गई। अब करीब 13 दिन बाद गंगा फिर बढ़ने लगी है। पिछले साल भी सितंबर में गंगा के जलस्तर में उतार-चढ़ाव का दौर जारी रहा था। 12 सितंबर 2025 को जलस्तर 70.83 मीटर दर्ज किया गया था, जिसके बाद घटाव शुरू हुआ। 14 सितंबर को जलस्तर 70.10 मीटर रहा था। उस समय चेतावनी बिंदु 70.26 मीटर और खतरे का निशान 71.26 मीटर था।
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